हैदराबाद में सर्वश्रेष्ठ पिता के अधिकार वकील

अपनी ज़रूरतें हमारे साथ साझा करें, कानूनी फर्मों से संपर्क प्राप्त करें।

मुफ़्त। 2 मिनट लगते हैं।

पारिवारिक वकील नियुक्त करने की मुफ़्त गाइड

RVK Law Associates
हैदराबाद, भारत

2015 में स्थापित
English
हैदराबाद, भारत स्थित आरवीके लॉ एसोसिएट्स एक प्रतिष्ठित लॉ फर्म है जो विभिन्न अभ्यास क्षेत्रों में व्यापक कानूनी...
SJ Law Firm
हैदराबाद, भारत

2005 में स्थापित
English
एसजे लॉ फर्म, 2005 में स्थापित, हैदराबाद, भारत में आधारित एक प्रतिष्ठित विधिक अभ्यास है, जिसके मियापुर और गाचीबाउली...
Kamal & Co. Advocates
हैदराबाद, भारत

1998 में स्थापित
English
कमल एवं कंपनी एडवोकेट्स, जिसकी स्थापना 1998 में हुई थी, विभिन्न क्षेत्रों में व्यापक कानूनी सेवाएँ प्रदान करता है,...

1999 में स्थापित
उनकी टीम में 5 लोग
English
कृष्णा मुर्ति पसुपुला | हाई कोर्ट अधिवक्ता एवं कानूनी सलाहकार, हैदराबाद में स्थित, व्यापक अभ्यास क्षेत्रों में...
हैदराबाद, भारत

English
हैदराबाद, भारत में स्थित एचिवर्स लॉ फर्म एक प्रमुख कानूनी प्रतिष्ठान है जो आपराधिक और सिविल कानून के व्यापक...
Legal Luminaries LLP
हैदराबाद, भारत

2017 में स्थापित
English
Legal Luminaries LLP, 2017 में स्थापित, हैदराबाद, तेलंगाना, भारत में आधारित एक प्रतिष्ठित विधिक फर्म है। यह फर्म पारिवारिक कानून,...
Misra Law Office
हैदराबाद, भारत

English
मिस्रा लॉ ऑफिस, जो 1970 के दशक में दिवंगत ओम प्रकाश मिस्रा—बार एसोसिएशन के दो बार निर्वाचित अध्यक्ष—द्वारा स्थापित...
Sai Krishna Azad Advocate
हैदराबाद, भारत

2003 में स्थापित
English
साई कृष्ण आज़ाद एडवोकेट एक प्रतिष्ठित लॉ फर्म है जो भारत में स्थित है और तलाक और पारिवारिक कानून, नागरिक और...
Legal Universe Advocates
हैदराबाद, भारत

English
लीगल यूनिवर्स एडवोकेट्स, अधिवक्ता सयदा असीमा उननीसा द्वारा स्थापित, जो तेलंगाना उच्च न्यायालय में प्रैक्टिस...
Somireddy Law
हैदराबाद, भारत

2017 में स्थापित
English
सोमिरेड्डी लॉ ग्रुप (एसएलजी) एक पूर्ण-सेवा विधिक फर्म है जिसका हाइड्राबाद, भारत और संयुक्त राज्य में कार्यालय है,...
जैसा कि देखा गया

हैदराबाद, भारत में पिता के अधिकार कानून के बारे में: हैदराबाद, भारत में पिता के अधिकार कानून का संक्षिप्त अवलोकन

हैदराबाद में पिता के अधिकार कानून सामान्यतः Guardians and Wards Act 1890 और Hindu Minority and Guardianship Act 1956 के अंतर्गत नियंत्रित होते हैं। इन कानूनों से माता-पिता के बीच बालक की सुरक्षा, संरक्षकता और देखभाल का निर्णय किया जाता है। परिवार न्यायालय हैदराबाद में इन मामलों की त्वरित और निष्पक्ष समीक्षा सुनिश्चित करता है।

सर्वोच्च ध्यान बच्चे के कल्याण पर है और अदालत इस मानक को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है। Hyderabad के नागरिकों के लिए यह महत्व रखता है कि पिता को भी उचित अवसर मिल सके और बच्चों के हित को नुकसान न हो।

“The welfare of the minor shall be the paramount consideration in guardianship and custody matters.”

Source: Guardians and Wards Act, 1890 (Section 4) - Official text | https://legislation.gov.in/

“Natural guardians include the father of the minor in many personal law contexts, as applicable under the Hindu Minority and Guardianship Act, 1956.”

Source: Hindu Minority and Guardianship Act, 1956 - Official text | https://www.indiacode.nic.in/

“Family Courts are established to provide speedy adjudication of family disputes including guardianship and custody matters.”

Source: Family Courts Act, 1984 - Official text | https://legislation.gov.in/

2. आपको वकील की आवश्यकता क्यों हो सकती है: पिता के अधिकार कानूनी सहायता की आवश्यकता वाले 4-6 विशिष्ट परिदृश्यों की सूची बनाएं। हैदराबाद, भारत से संबंधित वास्तविक उदाहरण दें

हैदराबाद में पिता के अधिकार से जुड़े कई परिदृश्य आपसी समझौते से नहीं सुलझते। एक सक्षम कानूनी सलाहकार आपकी स्थिति का कानूनी ढांचा तैयार कर सकता है और अदालत में प्रैक्टिकल दलीलों की योजना बना सकता है। नीचे प्रमुख 4-6 परिस्थितियाँ दी गई हैं जिन्हें वकील के साथ हल करना उचित रहता है।

  1. क Custody विवाद: पति-पत्नी अलग हो जाएं और बच्चे की सुरक्षा, खर्च और देखरेख कौन करेगा इसका फैसला नहीं हो रहा हो। हैदराबाद में अदालत बच्चों के बेहतर कल के आधार पर निर्णय लेती है; वकील अदालत के तर्कों को सही दिशा दे सकता है।

  2. क विज़िटेशन अधिकार या अभिगम उल्लंघन: एक पक्ष बच्चों से मिलने के अधिकार को रोक रहा हो या समय-सारणी का पालन नहीं कर रहा हो। ऐसे मामलों में कानूनी सहायता से अस्थायी आदेश और विस्तृत समय-सारिणी बनती है।

  1. क संरक्षक-निर्धारण (Guardianship) आवेदन: किसी अन्य संरक्षक के चयन, या पिता को संरक्षक बनाने की मांग है। Hyderabad के फैमिली कोर्ट इस पर निर्णय ले सकता है।

  2. क बाल विकास-भरण-भत्ता (Maintenance): 125 CrPC के अंतर्गत बच्चों के लिए भरण-भत्ता निर्धारित कराने की जरूरत है। मामलों में गणना आय, खर्च और बच्चे की आवश्यकताओं पर होती है।

  1. क अपघात या पारिवारिक विवाद के बीच इंटर-स्टेट relocation: बच्चा दूसरे राज्य या देश ले जाना रोकना या अनुमति मांगना विवाद का कारण बन सकता है। हैदराबाद से बाहर स्थानांतरण के मामलों में अदालत का निर्णय बच्चों के हित पर अधिक निर्भर रहता है।

  2. क अंतर-धार्मिक/अधिकारों के संधारण के मामले: कुछ पिताओं के लिए अपने समुदाय के अनुसार व्यक्तिगत कानून लागू होता है। ऐसे मामलों में सही कानून चुना जाना जरूरी है।

उल्लेखनीय रूप से, Hyderabad में परिवार कानून विशेषज्ञों के साथ एक आरम्भिक परामर्श में आप अपने(case) के दस्तावेज, न्यायिक इतिहास और यदि उपलब्ध हो तो पिछले फैसलों के आधार पर एक ठोस रणनीति बना सकते हैं।

3. स्थानीय कानून अवलोकन: हैदराबाद, भारत में पिता के अधिकार को नियंत्रित करने वाले 2-3 विशिष्ट कानूनों के नाम

Guardians and Wards Act, 1890 - यह अधिनियम बालक की संरक्षकता, अदालत के आदेश, और संरक्षण की व्यवस्था को नियंत्रित करता है।

Hindu Minority and Guardianship Act, 1956 - हिंदू बच्चों के लिए प्राकृतिक संरक्षक पिता सहित संरक्षकता के दायरे के नियम स्थापित करता है।

Family Courts Act, 1984 - परिवार अदालतों के स्थापना से किन्हीं पारिवारिक विवादों में त्वरित और विशेषज्ञ निपटारे की प्रक्रिया देती है, जिनमें संरक्षकता और custody के मुद्दे भी आते हैं।

इन कानूनों के अलावा Protection of Children from Domestic Violence Act, 2005 भी बाल सुरक्षा के संदर्भ में मौजूदा परिस्थितियों पर प्रभाव डालता है, खासकर मातृत्व-आश्रित मामलों में।

4. अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या पिता को बालक की संरक्षकता मिल सकती है?

हाँ, लेकिन यह बच्चे के हित को ध्यान में रखकर अदालत तय करती है। सामान्य तौर पर माता-पिता के बीच बालक की सुरक्षा और कल्याण सर्वोपरि मानक होता है।

क्या हैदराबाद के न्यायालय संयुक्त संरक्षकता (joint custody) को मान्यता देता है?

हाँ, अदालतें संयुक्त संरक्षकता भी सुनवाई में मान सकती हैं जब यह बच्चे के हित में और व्यवहारिक रूप से संभव हो।

मैं Hyderabad में संरक्षकता के लिए कैसे filing करूं?

पहले एक अनुभव योग्य फैमिली लॉयर से परामर्श लें। फिर हैदराबाद के फैमिली कोर्ट में guardianship या custody petition दायर करें और आवश्यक दस्तावेज जमा करें।

बाल भरण-भत्ता कैसे तय होता है?

भरण-भत्ता आय, माता-पिता की स्थिति, बच्चे की आवश्यकताओं और न्यायालय के निर्देशों के अनुसार तय होता है। 125 CrPC के प्रावधान भी प्रासंगिक हैं।

क्या पिता को विज़िटेशन अधिकार मिल सकते हैं?

हाँ, अदालतें आम तौर पर visitation rights निर्धारित करती हैं ताकि बच्चे के साथ पिता का संपर्क बना रहे, जब यह बालक के हित में हो।

क्या स्थानांतरण के कारण custody बदल सकता है?

हां, अगर स्थानांतरण बच्चे के हित में हो और स्थिर देखभाल सुनिश्चित हो सके। अन्यथा अदालत अनुमति नहीं दे सकती।

क्या guardian का चयन सिर्फ माता-पिता के बीच होता है?

नहीं, अदालत guardianship किसी अन्य व्यक्ति के पक्ष में भी appoint कर सकती है यदि वही बालक के लिए बेहतर हो।

मेरा केस जल्दी कैसे निपट सकता है?

Family Courts Act के अंतर्गत त्वरित सुनवाई और mediation प्रक्रिया से गति मिलती है; एक स्पष्ट रणनीति और दस्तावेज अहम भूमिका निभाते हैं।

क्या पिताजी भी Domestic Violence Act के दायरे में आ सकते हैं?

यह कानून महिलाओं के विरुद्ध घरेलू violência से सुरक्षा के लिए है; पिताजी भी शिकायतकर्ता या प्रतिवादी के रूप में इसके दायरे में आ सकते हैं, परन्तु custody मामले पर यह सीधे प्रभाव डालता है नहीं तो अन्य सुरक्षा उपाय लागू होते हैं।

अगर मैं राज्य से बाहर रहता हूँ तो custody कैसे प्रभावित होगी?

अंतर-राज्य relocation के नियम बालक के हित के आधार पर तय होते हैं; अदालत से पहले सहमति या आदेश आवश्यक हो सकता है।

पिता- संरक्षकता के लिए क्या दस्तावेज जरूरी हैं?

जन्म प्रमाण, पहचान पत्र, मौजूदा custody आदेश, आय-प्रमाणन, बच्चों की रिपोर्ट कार्ड आदि के दस्तावेज साथ रखें; उनके आधार पर अदालत निर्णय लेती है।

क्या मैं Hyderabad की Family Court से तुरंत interim orders ले सकता हूँ?

हाँ, interim orders Child custody, visitation, या सुरक्षा के लिए अस्थायी निर्देश दे सकते हैं; यह प्रक्रिया आम तौर पर तेज होती है पर न्यायालय के निर्णय पर निर्भर है।

5. अतिरिक्त संसाधन

  • National Commission for Protection of Child Rights (NCPCR) - बाल अधिकारों के संरक्षण के लिए राष्ट्रीय मंच। https://ncpcr.gov.in
  • Telangana State Legal Services Authority (TSLSA) - विशिष्ट स्थानीय कानूनी सहायता और मुफ्त वकील सेवाएं। https://tslsa.telangana.gov.in
  • Childline India Foundation - आपातकालीन बचाव और मार्गदर्शन के लिए एक राष्ट्रीय हेल्पलाइन प्लेटफॉर्म। https://www.childlineindia.org.in

6. अगले कदम: पिता के अधिकार वकील खोजने के लिए 5-7 चरणीय प्रक्रिया

  1. अपने उद्देश्य स्पष्ट करें- custody, guardianship, visitation, या maintenance।
  2. स्थानीय अनुभवी परिवार कानून वकील ढूंढें- Hyderabad, Secunderabad क्षेत्र के विशेषज्ञ देखें।
  3. क्लायंट-फ्रेंडली परामर्श शेड्यूल तय करें; पहले फ्री इनिशियल कंसल्टेशन पूछें।
  4. अपने दस्तावेज रजिस्टर करें- जन्म证, पहचान, आय-प्रमाण, स्कूल रिकॉर्ड आदि।
  5. दस्तावेजों के आधार पर थाना-योजना और रणनीति तैयार करें।
  6. कानूनी फीस, खर्चे और अपेक्षित समय का स्पष्ट अनुमान रखें।
  7. अगर संभव हो तो mediation या alternate dispute resolution भी consider करें ताकि अदालत के सामने कम समय लगे।

Lawzana आपको योग्य कानूनी पेशेवरों की चयनित और पूर्व-जाँच की गई सूची के माध्यम से हैदराबाद में में सर्वश्रेष्ठ वकील और कानूनी फर्म खोजने में मदद करता है। हमारा प्लेटफ़ॉर्म अभ्यास क्षेत्रों, पिता के अधिकार सहित, अनुभव और ग्राहक प्रतिक्रिया के आधार पर तुलना करने की अनुमति देने वाली रैंकिंग और वकीलों व कानूनी फर्मों की विस्तृत प्रोफ़ाइल प्रदान करता है।

प्रत्येक प्रोफ़ाइल में फर्म के अभ्यास क्षेत्रों, ग्राहक समीक्षाओं, टीम सदस्यों और भागीदारों, स्थापना वर्ष, बोली जाने वाली भाषाओं, कार्यालय स्थानों, संपर्क जानकारी, सोशल मीडिया उपस्थिति, और प्रकाशित लेखों या संसाधनों का विवरण शामिल है। हमारे प्लेटफ़ॉर्म पर अधिकांश फर्म अंग्रेजी बोलती हैं और स्थानीय और अंतरराष्ट्रीय दोनों कानूनी मामलों में अनुभवी हैं।

हैदराबाद, भारत में में शीर्ष-रेटेड कानूनी फर्मों से उद्धरण प्राप्त करें — तेज़ी से, सुरक्षित रूप से, और बिना अनावश्यक परेशानी के।

अस्वीकरण:

इस पृष्ठ पर दी गई जानकारी केवल सामान्य सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है और कानूनी सलाह नहीं है। हम सामग्री की सटीकता और प्रासंगिकता सुनिश्चित करने का प्रयास करते हैं, लेकिन कानूनी जानकारी समय के साथ बदल सकती है, और कानून की व्याख्या भिन्न हो सकती है। आपको अपनी स्थिति के लिए विशिष्ट सलाह हेतु हमेशा एक योग्य कानूनी पेशेवर से परामर्श करना चाहिए।

हम इस पृष्ठ की सामग्री के आधार पर की गई या न की गई कार्रवाइयों के लिए सभी दायित्व को अस्वीकार करते हैं। यदि आपको लगता है कि कोई जानकारी गलत या पुरानी है, तो कृपया contact us, और हम उसकी समीक्षा करेंगे और जहाँ उचित हो अपडेट करेंगे।