मुंबई में सर्वश्रेष्ठ सतत वित्त वकील

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Davies & Associates, LLC
मुंबई, भारत

2020 में स्थापित
उनकी टीम में 100 लोग
Bengali
Hindi
English
Kannada
Urdu
Gujarati
बैंकिंग और वित्त सतत वित्त कर वृद्धि वित्तपोषण +10 और
Davies & Associates ("D&A") has grown to become the largest global law firm specializing in US, UK and Italian business and investment immigration together with Citizenship and Residency by Investment (together, “CBI”).  Our lawyers are regarded as the leaders in the US E2...
Solomon & Co.
मुंबई, भारत

1909 में स्थापित
उनकी टीम में 75 लोग
English
French
Hindi
Marathi (Marāṭhī)
बैंकिंग और वित्त सतत वित्त वित्तीय सेवा विनियमन +10 और
फर्म विभिन्न प्रकार के क्लाइंट्स का प्रतिनिधित्व करती है, जिसमें घरेलू और अंतरराष्ट्रीय कंपनियां, सरकारी निकाय,...
Mehta & Padamsey
मुंबई, भारत

1969 में स्थापित
English
Mehta & Padamsey Insurance Surveyors & Loss Assessors Pvt. Ltd. भारत के बीमा क्षेत्र में एक प्रतिष्ठित संस्था है, जो अपनी व्यापक अनुभव और व्यावसायिक...
MZM Legal
मुंबई, भारत

2005 में स्थापित
उनकी टीम में 50 लोग
Hindi
English
हमारे बारे मेंMZM लीगल एक पूर्ण-सेवा लॉ फर्म है, जिसमें मुंबई और नई दिल्ली से आधारित 55 वकीलों की समर्पित टीम है, जिसे...
Turupu Raghavender Reddy Advocate
मुंबई, भारत

English
राघवेंद्र रेड्डी एंड कंपनी अधिवक्ता, जो हैदराबाद, भारत में स्थित है, एक दशक से अधिक समय से उत्कृष्ट कानूनी सेवाएँ...

2000 में स्थापित
उनकी टीम में 50 लोग
Hindi
English
हमारे बारे मेंयूआर लीगल (अंतर्राष्ट्रीय लॉ फर्म) एडवोकेट्स एवं सॉलिसिटर्स विभिन्न विधिक क्षेत्रों में विशेषज्ञ...
PM LEGAL ASSOCIATES
मुंबई, भारत

English
PM लीगल एसोसिएट्स, अधिवक्ता मयूर देसाई और प्रियंशी देसाई द्वारा स्थापित, भारत में कर एवं कानूनी मामलों में विशिष्ट...
Khaitan & Co
मुंबई, भारत

1911 में स्थापित
उनकी टीम में 5,000 लोग
Hindi
English
ओवरव्यूखैतान एंड कंपनी भारत के सबसे पुराने और मान्यता प्राप्त पूर्ण सेवा कानून फर्मों में से एक है।पारदर्शिता,...
Vashi Advocates
मुंबई, भारत

English
वाशी एडवोकेट्स एक पूर्ण-सेवा विधिक फर्म है जो नवी मुंबई, भारत में स्थित है और विभिन्‍न व्यावसायिक क्षेत्रों में...
SNG and Partners
मुंबई, भारत

1962 में स्थापित
उनकी टीम में 200 लोग
Hindi
English
1962 में प्रख्यात बैंकिंग वकील, न्यायविद् और लेखक स्व. श्री एस. एन. गुप्ता द्वारा स्थापित, SNG & PARTNERS (“SNG”) एक...
जैसा कि देखा गया

1. Mumbai, भारत में सतत वित्त कानून के बारे में: Mumbai, भारत में सतत वित्त कानून का संक्षिप्त अवलोकन

मुंबई में सतत वित्त कानून राष्ट्रीय ढांचे के अनुरूप है। इसका उद्देश्य ESG मानदंडों के अनुसार पूंजी जुटाने और जोखिम प्रबंधन को मजबूत करना है। इससे निवेशकों को टिकाऊ परियोजनाओं में पूंजी लगाते समय स्पष्ट सूचना मिलती है।

स्थानीय वित्तीय क्षेत्र में SEBI, MCA और RBI जैसे संस्थान प्रमुख भूमिका निभाते हैं। ये नियम कंपनियों, बैंकों और ऋणदाता संस्थाओं के लिए disclosure, CSR खर्च और ग्रीन फाइनेंस के नियम स्पष्ट करते हैं। मुंबई-आधारित कंपनियाँ इन नियमों के अनुपालन से निवेशकों के भरोसे को बढ़ाती हैं।

“BRSR provides standardized sustainability information in the annual report.”

Source: Securities and Exchange Board of India - Business Responsibility and Sustainability Reporting (BRSR)

“The corporate social responsibility committee shall ensure that the company spends in every financial year such sum of amount equal to two percent of the average net profits of the company made during the three immediately preceding financial years.”

Source: Ministry of Corporate Affairs - Companies Act 2013 Section 135

“Green Debt Securities means debt securities issued for financing or refinancing eligible green projects.”

Source: SEBI Guidelines for Green Debt Securities

2. आपको वकील की आवश्यकता क्यों हो सकती है: सतत वित्त कानूनी सहायता की आवश्यकता वाले 4-6 विशिष्ट परिदृश्य

  • परिदृश्य 1: मुंबई-आधारित बैंक या कंपनी Green Bond या Green Debt Issue करना चाहती है। कानूनी सलाह से नियामक अनुपालन, ग्रीन प्रोजेक्ट क्लैरिफिकेशन और प्रॉस्पेक्टस तैयार किया जाता है। जिनमें SEBI गाइडलाइंस, लिस्टिंग नियम और ग्रीन फ्रेमवर्क शामिल होते हैं।

    उद्धरण: SBI और ICICI जैसे Mumbai-आधारित संस्थानों ने हर साल Green Finance के प्रावधानों के अंतर्गत कदम उठाए हैं।

  • परिदृश्य 2: कोई Top 1000 Listed Entity Mumbai-आधारित कंपनी BRSR disclosures के अंतर्गत अपनी sustainability रिपोर्ट बनाती है। डेटा संग्रह और आडिट-योग्यता से जुड़ी कानूनी सलाह जरूरी होती है।

    यह सुनिश्चित करता है कि रिपोर्ट संरेखित मानकों और स्रोत-प्रमाण के साथ हो।

  • परिदृश्य 3: Mumbai-आधारित कंपनी CSR नियमों के अनुसार CSR खर्च के अनुपालन के लिए नीति और आडिट-फ्रेम बनाती है।

    कानूनी सलाह CSR नियमों के अनुरूप समय-सीमा और खर्च की गणना में मदद करती है।

  • परिदृश्य 4: ESG-Linked loan या Sustainability-linked loan (SLL) का अनुबंध Mumbai में व्यवस्थित करना है।

    कानूनी सलाह से KPI, ग्रेडिंग, परिशुद्ध disclosures और loan agreement की बाध्यताएँ स्पष्ट होती हैं।

  • परिदृश्य 5: M&A या कॉर्पोरेट स्ट्रक्चरिंग में ESG due diligence आवश्यक हो।

    ESG जोखिम और अवसरों की जांच स्टेकहोल्डर्स के हितों के अनुरूप पूरी की जाती है।

3. स्थानीय कानून अवलोकन: Mumbai, भारत में सतत वित्त को नियंत्रित करने वाले 2-3 विशिष्ट कानून

  • SEBI (Listing Obligations and Disclosure Requirements) Regulations, 2015 - Listed entities के लिए सूचना, पारदर्शिता और ESG Disclosure के मानक स्थापित करते हैं।

  • Companies Act, 2013 - Section 135 और CSR Rules - Corporate Social Responsibility के लिए नीति और खर्च के बारे में निर्देश देता है।

  • SEBI (Issue and Listing of Green Debt Securities) Regulations, 2017 - Green bonds और Green debt securities के issuances, disclosure, use of proceeds आदि के नियम निर्धारित करते हैं।

4. अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सतत वित्त कानून क्या है?

यह ESG मानदंडों के अनुसार पूंजी जुटाने, जोखिम प्रबंधन और पारदर्शिता से जुड़ा कानून हैं। वे निवेशकों के लिए स्थिर और स्पष्ट disclosures सुनिश्चित करते हैं।

मुंबई में किन संस्थाओं को इन कानूनों की मंजूरी चाहिए?

कंपनियाँ, बैंक्स और NBFCs जैसे Mumbai-आधारित वित्तीय विकेन्द्रीकरण संस्थान इन कानूनों के दायरे में आते हैं।

BRSR क्या है और इसे क्यों अनिवार्य माना गया?

BRSR एक सतत रिपोर्टिंग फ्रेमवर्क है जो कंपनियों के ESG प्रदर्शन को मानकीकृत तरीके से प्रस्तुत करता है।

CSR नियम क्या-क्या निर्देश देता है?

CSR Rules के अनुसार कंपनियों को औसत नेट प्रॉफिट का न्यूनतम 2 प्रतिशत CSR गतिविधियों पर खर्च करना पड़ता है।

Green Bond बनाम Conventional Bond में क्या अंतर है?

Green Bond के proceeds स्पष्ट रूप से पर्यावरणीय परियोजनाओं के लिए रखे जाते हैं।

ESG लिंक्ड लोन कैसे संरचित होते हैं?

ESG KPI के आधार पर利 interest से जुड़ी शर्तें तय होती हैं, जिसे ऋण समझौते में लिखा जाता है।

किस प्रकार की रिपोर्टिंग आवश्यक है?

वार्षिक प्रदर्शन, erhe sustainability metrics और अगर लागू हो तो BRSR disclosures अनिवार्य होते हैं।

मैं Mumbai-आधारित कंपनी के लिए किस प्रकार के ठेकेदार या वकील चुनूँ?

ESG, ग्रीन फाइनेंस, CSR और कंपनी कानून में अनुभव रखने वाले advokat चुनें।

CSR खर्च के रिकॉर्ड्स कैसे रखें जाएँ?

CSR expenditure को बोर्ड minutes, CSR policy और खर्च के विवरण के साथ स्पष्ट रखा जाना चाहिए।

कौन से न्याय-क्षेत्र Mumbai में लागू होते हैं?

यह कानून राष्ट्रीय स्तर पर लागू होते हैं, पर Mumbai-जगह के केसों के लिए स्थानीय अनुप्रयोग और कोर्ट-प्रवर्तन का दायरा मजबूत है।

कानूनी सलाह कब और कैसे लेनी चाहिए?

प्रोजेक्ट के आरंभ में ही कानूनी सलाह लें, ताकि अनुपालन के उपाय उचित ढंग से तय हो सकें।

ESG डेटा वेरिफिकेशन क्यों जरूरी है?

डेटा की साख बनाए रखने के लिए ऑडिट-फ्रेम और स्रोत-प्रमाण आवश्यक होते हैं।

5. अतिरिक्त संसाधन

  • Securities and Exchange Board of India (SEBI) - सतत वित्त और BRSR के मार्गदर्शक नियम और circulars के लिए आधिकारिक साइट।
  • Ministry of Corporate Affairs (MCA) - CSR नियमों और कंपनियों के कानून के आधिकारिक दस्तावेज।
  • Reserve Bank of India (RBI) - वित्तीय संस्थाओं के ESG जोखिम और क्लाइमेट रिस्क डिस्क्लोजर के निर्देश।

6. अगले कदम: सतत वित्त वकील खोजने के लिए 5-7 चरणीय प्रक्रिया

  1. अपने उद्देश्य और आवश्यक ESG विशेषज्ञता स्पष्ट करें, जैसे BRSR, Green Debt, CSR या ESG-Linked लोन।
  2. मुंबई आधारित वकीलों की सूची बनाएं जिन्हें कॉर्पोरेट कानून, फाइनैंस और ESG में अनुभव हो।
  3. आमतौर पर large law firms के ESG प्रैक्टिस-टीम और boutique फर्म के अनुभवी advokat से मिलने का समय निर्धारित करें।
  4. पूर्व-परामर्श में उनके केस-स्टडीज, क्लाइंट लिस्ट और सफलता-रहित मामलों को पूछें।
  5. फीस संरचना, समय-रेखा और आउटपुट-डिलीवरी स्पष्ट रूप से लिखित समझौते में लें।
  6. प्रारम्भिक कॉन्सल्टेशन के दौरान आपके प्रोजेक्ट-स्कोप पर स्पष्ट योजना बनाएं।
  7. पहल से कॉम्प्लायंस-चरणों की मॉनिटरिंग के लिए एक रेड-फ्लैग प्रोसेस तय करें।

उद्धरण स्रोत

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